September 15, 2026
IMG_COM_202609151513171230.jpeg
सुदर्शन समाचार ब्यूरो

काशीपुर: द गुरुकुल फाउंडेशन स्कूल, काशीपुर के सह-संस्थापक एवं चेयरमैन डॉ. नीरज कपूर को एजुकेशनटुडे.को द्वारा आयोजित नॉर्थ एजुकेटर्स समिट 2026 में प्रतिष्ठित ‘एजुकेशन लॉरिएट’ सम्मान से अलंकृत किया गया।
एजुकेशन लॉरिएट, एजुकेशनटुडे.को के विशिष्ट सम्मानों में से एक है। यह सम्मान उन असाधारण शिक्षा नेतृत्वकर्ताओं को प्रदान किया जाता है, जिन्होंने अपनी दूरदर्शिता, सत्यनिष्ठा और निरंतर योगदान से स्कूली शिक्षा के स्तर को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया है। यह सम्मान संस्थागत उत्कृष्टता, शैक्षिक नवाचार, शिक्षकों के सशक्तीकरण और शिक्षा के भविष्य को बेहतर बनाने की दीर्घकालीन प्रतिबद्धता को मान्यता देता है।

डॉ. कपूर को शिक्षा के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान तथा दो दशकों से अधिक समय से द गुरुकुल फाउंडेशन स्कूल को प्रदान किए गए दूरदर्शी नेतृत्व के लिए इस सम्मान से अलंकृत किया गया। उनके शैक्षिक दर्शन के केंद्र में सदैव बच्चा रहा है। उनका प्रयास प्रत्येक विद्यार्थी की व्यक्तिगत आवश्यकताओं, क्षमताओं, आकांक्षाओं और संभावनाओं को समझते हुए उसके समग्र विकास के लिए अनुकूल वातावरण तैयार करना रहा है।

उनका मानना है कि सार्थक शिक्षा केवल शैक्षणिक उपलब्धियों तक सीमित नहीं होनी चाहिए। उन्होंने काशीपुर के विद्यार्थियों को सर्वोत्तम अवसर, संसाधन और व्यापक अनुभव उपलब्ध कराने की दिशा में निरंतर कार्य किया है, ताकि वे अपने दृष्टिकोण का विस्तार कर सकें, अपनी क्षमताओं को पहचान सकें और बड़े मंचों पर आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ सकें।

उनके नेतृत्व में विद्यालय ने विद्यार्थियों को केवल परीक्षाओं के लिए नहीं, बल्कि विद्यालय के बाद के जीवन के लिए तैयार करने पर विशेष बल दिया है। मजबूत शैक्षणिक आधार के साथ नेतृत्व क्षमता, संवाद कौशल, रचनात्मकता, आलोचनात्मक चिंतन, उद्यमिता, खेल, कला और अनुभवात्मक शिक्षण को विद्यालय की शिक्षा का अभिन्न अंग बनाया गया है।

विद्यालय में चरित्र निर्माण, संवेदनशीलता, सत्यनिष्ठा और सामाजिक उत्तरदायित्व को भी समान महत्त्व दिया जाता है, ताकि विद्यार्थी जीवन में केवल सफल व्यक्ति ही नहीं, बल्कि अच्छे, जिम्मेदार और संवेदनशील इंसान भी बन सकें।

डॉ. कपूर का सदैव यह विश्वास रहा है कि किसी विद्यार्थी के अवसर उस शहर की सीमाओं से निर्धारित नहीं होने चाहिए, जहां वह बड़ा हो रहा है। इसी सोच के साथ उन्होंने काशीपुर के बच्चों को महानगरों के विद्यार्थियों के समान गुणवत्तापूर्ण अवसर और व्यापक अनुभव प्रदान करने का प्रयास किया है, ताकि वे अपने चुने हुए क्षेत्रों में उत्कृष्टता प्राप्त करने के लिए आवश्यक आत्मविश्वास, कौशल और मूल्यों से सशक्त हो सकें।

“हर बच्चे में अपने बच्चे को देखना” के दर्शन पर स्थापित द गुरुकुल फाउंडेशन स्कूल आज क्षेत्र के प्रमुख के–12 शिक्षण संस्थानों में अपनी पहचान बना चुका है। विद्यालय के दोनों परिसरों में 1,100 से अधिक विद्यार्थी शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। संस्थान मजबूत शैक्षणिक आधार, समग्र विकास, आधुनिक शिक्षण पद्धतियों, प्रौद्योगिकी तथा भारत की समृद्ध ज्ञान परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत का सार्थक समन्वय कर रहा है।

विद्यालय नेतृत्व ने कहा कि यह सम्मान केवल डॉ. कपूर की व्यक्तिगत शैक्षिक यात्रा का एक महत्त्वपूर्ण पड़ाव नहीं है, बल्कि पूरे गुरुकुल परिवार के सामूहिक प्रयासों का भी सम्मान है। विद्यालय के शिक्षकों, कर्मचारियों, विद्यार्थियों, अभिभावकों, पूर्व विद्यार्थियों और शुभचिंतकों ने वर्षों से संस्थान की प्रगति और उसके उद्देश्य को साकार करने में महत्त्वपूर्ण योगदान दिया है।

नॉर्थ एजुकेटर्स समिट 2026 में प्राप्त यह सम्मान डॉ. नीरज कपूर की शैक्षिक उत्कृष्टता के प्रति अटूट प्रतिबद्धता को और सुदृढ़ करता है। साथ ही यह द गुरुकुल फाउंडेशन स्कूल के ऐसे सक्षम, संवेदनशील, मूल्यनिष्ठ और भविष्य के लिए तैयार विद्यार्थियों के निर्माण के संकल्प को भी रेखांकित करता है, जो जीवन में सफलता प्राप्त करने के साथ समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का भी सार्थक निर्वहन करें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *