काशीपुर:सम्राट पृथ्वीराज चौहान कॉलेज ऑफ़ लॉ द्वारा विधिक जागरूकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एक भव्य “लीगल अवेयरनेस प्रोग्राम” का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों एवं आमजन को उनके अधिकारों, कर्तव्यों तथा कानून संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियों से अवगत कराना रहा। आयोजित सेमिनार का विषय निशुल्क विधिक सेवा रहा।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में माननीय न्यायाधीश ममता पंत, सिविल जज, सीनियर डिवीजन सचिव, डिस्ट्रिक्ट लीगल सर्विस अथॉरिटी, रुद्रपुर, का संस्था द्वारा स्वागत किया गया।साथ ही डिस्ट्रिक्ट लीगल सर्विस अथॉरिटी की टीम भी कार्यक्रम में सहभागिता की।
कार्यक्रम में माननीय न्यायाधीश ममता पंत, सिविल जज, सीनियर डिवीजन ने ADR (Alternative Dispute Resolution) विषय को लेकर संबोधित करते हुए कहा कि वर्तमान समय में आपसी विवादों के समाधान के लिए वैकल्पिक विवाद निस्तारण प्रणाली बेहद प्रभावी साबित हो रही है। उन्होंने कहा कि ADR के माध्यम से बिना लंबी कानूनी प्रक्रिया के आपसी सहमति से विवादों का निपटारा किया जा सकता है, जिससे समय और धन दोनों की बचत होती है।

उन्होंने विद्यार्थियों को बताया कि मध्यस्थता (Mediation), पंचाट (Arbitration) एवं सुलह (Conciliation) जैसी प्रक्रियाएं न्याय व्यवस्था को सरल और सुलभ बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। साथ ही उन्होंने कहा कि समाज में बढ़ते विवादों को कम करने और सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखने के लिए ADR प्रणाली को बढ़ावा देना आवश्यक है।
कार्यक्रम में भारतीय संविधान, भारतीय दंड संहिता, नागरिक अधिकार एवं कर्तव्यों तथा विधिक जागरूकता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में गिरिजेश खुलबे एवं यशवंत सिंह चौहान उपस्थित रहे।
अतिथियों ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि कानून की जानकारी प्रत्येक नागरिक के लिए आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जागरूक नागरिक ही अपने अधिकारों की रक्षा कर सकता है तथा समाज में न्याय व्यवस्था को मजबूत बना सकता है।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने कानूनी विषयों से जुड़े प्रश्न पूछे, जिनका विशेषज्ञों द्वारा सरल भाषा में उत्तर दिया गया। वक्ताओं ने युवाओं से संविधान के प्रति सम्मान बनाए रखने एवं अपने अधिकारों के साथ-साथ कर्तव्यों का पालन करने का आह्वान किया।
संस्थान के मैनेजिंग डायरेक्टर महेश सिंह चौहान ने बताया कि सेमिनार के दौरान विद्यार्थियों एवं उपस्थित लोगों को संविधान द्वारा प्रदत्त कानूनी अधिकारों, निःशुल्क विधिक सहायता योजनाओं तथा समाज के कमजोर एवं जरूरतमंद वर्गों को मिलने वाली कानूनी सेवाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।
संस्थान के चेयरमैन गोपाल सिंह चौहान ने बताया कि भविष्य में भी विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास एवं कानूनी शिक्षा को मजबूत करने के लिए इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाते रहेंगे।

कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं एवं शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।इस दौरान वाइस प्रिंसिपल फार्मेसी डॉ अमित सेन, वाइस प्रिंसिपल नर्सिंग डॉ श्रुति करार, वाइस प्रिंसिपल डिग्री कॉलेज डॉ सुषमा शर्मा, राकेश, अंजुम, सलोनी, शगुन भटनागर, अक्षिता, संजय भटनागर, किरण आदि समस्त स्टाफ मौजूद रहे।






